नए साल पर याद आते हैं वो पुराने हाथ से बने ग्रीटिंग कार्ड
वक्त का पहिया बहुत तेजी से आगे बढ़ रहा है। 90 के दौर में जिसमें हम बड़े हुए हैं अगर उस दौर को पीछे मुड़कर देखते हैं तो लगता है जैसे जिंदगी का सुनहरा दौर आज भी वहां किसी आराम कुर्सी पर बैठा हुआ...









